नागौर: शहर के डेह रोड स्थित गोरखनाथ मंदिर के पास संचालित होम डेकोर, सोफा, गद्दा एवं फोम फैक्ट्री में देर रात लगी भीषण आग अब संदिग्ध आगजनी का मामला बन गई है। शुरुआती जांच में आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट माना जा रहा था लेकिन आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज सामने आने के बाद मामले ने नया मोड़ ले लिया है। फुटेज में शॉल ओढ़े एक संदिग्ध युवक फैक्ट्री की ओर जाता दिखाई देता है और कुछ ही क्षण बाद फैक्ट्री से आग की लपटें उठने लगती हैं तथा युवक तेजी से वहां से भागता नजर आता है। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज कब्जे में लेकर मामले की जांच को काफी तेज कर दिया है।

फैक्ट्री में अचानक भड़की आग ने कुछ ही मिनटों में लिया विकराल रूप

सोमवार रात करीब ग्यारह बजे रोडवेज बस स्टैंड से करीब आधा किलोमीटर दूर स्थित निर्मल ट्रेडिंग कंपनी की फैक्ट्री में अचानक आग भड़क उठी। फैक्ट्री में भारी मात्रा में रखे फोम, गद्दे और अन्य ज्वलनशील सामान के कारण आग ने कुछ ही मिनटों में विकराल रूप धारण कर लिया। सूचना मिलते ही दमकल की दो गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और आग बुझाने का प्रयास शुरू किया लेकिन करीब आधे घंटे में दोनों वाहनों का पानी खत्म हो गया। आसपास तत्काल पानी की कोई वैकल्पिक व्यवस्था नहीं होने के कारण दमकलों को दोबारा पानी भरने के लिए जाना पड़ा और इस दौरान आग पूरे परिसर में फैल गई, जिस पर करीब दो घंटे की भारी मशक्कत के बाद रात लगभग एक बजे काबू पाया जा सका।

भीषण अग्निकांड से साठ लाख रुपये के सामान का हुआ भारी नुकसान

फैक्ट्री संचालक ने दावा किया है कि इस भीषण आगजनी के कारण उन्हें करीब साठ लाख रुपये का भारी आर्थिक नुकसान हुआ है। गोदाम और कारखाने में रखा होम डेकोर का कीमती सामान, सोफे, लग्जरी फर्नीचर, गद्दे, फोम और अन्य तैयार उत्पाद पूरी तरह जलकर खाक हो गए। रिहायशी इलाके के नजदीक आग लगने के बाद पूरे क्षेत्र में अफरा-तफरी मच गई और रात के अंधेरे में दूर-दूर तक काले धुएं का गुबार और आग की लपटें दिखाई देती रहीं, जिससे आसपास के लोग भी पूरी तरह सहम गए।

हाथ में ज्वलनशील पदार्थ लिए फुटेज में नजर आया संदिग्ध युवक

घटनास्थल के पास लगे कैमरों की सीसीटीवी फुटेज में दिखाई दे रहे संदिग्ध युवक के हाथ में किसी ज्वलनशील पदार्थ का कंटेनर होने की भी आशंका जताई जा रही है। स्थानीय लोगों और प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि यह कोई सामान्य हादसा नहीं बल्कि किसी रंजिश के तहत अंजाम दिया गया सुनियोजित आगजनी का मामला हो सकता है। कोतवाली थाना पुलिस ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण कर सीसीटीवी फुटेज के आधार पर संदिग्ध युवक की पहचान और उसकी तलाश के लिए टीमें रवाना कर दी हैं।

फॉरेंसिक साक्ष्यों और तकनीकी तथ्यों के आधार पर जांच में जुटी पुलिस

स्थानीय पुलिस प्रशासन का कहना है कि फिलहाल इस पूरे मामले में सभी पहलुओं की गंभीरता से जांच की जा रही है। फैक्ट्री के आसपास रहने वाले लोगों और कर्मचारियों से भी इस संबंध में पूछताछ की जा रही है। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक फॉरेंसिक साक्ष्यों, सीसीटीवी फुटेज और अन्य तकनीकी तथ्यों के आधार पर गहन जांच पूरी होने के बाद ही आग लगने के वास्तविक कारणों का पूरी तरह से खुलासा किया जाएगा और दोषी के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।