ट्रम्प प्रशासन ने नर्सिंग को ‘प्रोफेशनल डिग्री’ सूची से बाहर रखा, छात्र ऋण पर बड़ा असर संभव
वाशिंगटन । अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के प्रशासन ने फेडरल स्टूडेंट लोन सिस्टम में बड़े बदलाव किए हैं, जिसके बाद नर्सिंग शिक्षा से जुड़े लाखों छात्रों के लिए चिंता बढ़ गई है। सरकार ने जिन डिग्रियों को “प्रोफेशनल” श्रेणी में रखा है, उनमें लॉ, मेडिसिन और डेंटिस्ट्री शामिल हैं। लेकिन नर्सिंग को इस सूची से बाहर कर दिया गया है।
नई व्यवस्था के तहत, प्रोफेशनल डिग्री करने वाले छात्रों को सालाना 50 हजार डॉलर और कुल 2 लाख़ डॉलर तक का फेडरल लोन मिल सकेगा।जबकि गैर-प्रोफेशनल कार्यक्रमों में यह सीमा काफी कम सालाना 20,500 डॉलर और कुल 1 लाख़ डॉलर निर्धारित की गई है। चूंकि नर्सिंग को प्रोफेशनल डिग्री नहीं माना गया है, इसलिए नर्सिंग ग्रेजुएट छात्रों को कम राशि का ऋण ही मिलेगा। अमेरिकन नर्सेस एसोसिएशन ने इस फैसले का कड़ा विरोध किया है। संगठन का कहना है कि नर्सिंग को प्रोफेशनल सूची से बाहर रखने से न केवल छात्रों की पहुंच उच्च शिक्षा तक सीमित होगी, बल्कि स्वास्थ्य क्षेत्र में बढ़ती नर्सों की मांग को भी गंभीर नुकसान पहुँचेगा। एसोसिएशन ने सरकार से अविलंब शब्दावली संशोधित करने की अपील की है ताकि नर्सिंग छात्रों को पहले की तरह अधिक ऋण उपलब्ध रहे। यह बदलाव 1 जुलाई 2026 से लागू होगा। मौजूदा छात्र अपनी पढ़ाई पूरी होने तक पुराने नियमों के तहत ही लोन प्राप्त कर सकेंगे। सरकार का दावा है कि यह कदम शिक्षा लागत को नियंत्रित करने और छात्रों को अत्यधिक कर्ज से बचाने के लिए उठाया गया है।

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